
बीएचयू कैंपस में तनाव, मेस में मारपीट से मचा हड़कंप; सुरक्षा बढ़ी, एलआईयू भी अलर्ट ,
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‘वाराणसी से रिपोर्ट’
“श्याम सुन्दर जायसवाल”
‘अखंड भारत न्यूज़’
बीएचयू कैंपस में छात्रावास के मेस में हुई मारपीट की घटना के बाद पूरे परिसर में गहमागहमी का माहौल बना हुआ है। प्राप्त जानकारी के अनुसार हालात को देखते हुए प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सुरक्षा कर्मियों ने कैंपस में भ्रमण कर निगरानी बढ़ा दी है। यूजीसी को लेकर निकलने वाले संभावित जुलूस को देखते हुए एलआईयू को भी सतर्क कर दिया गया है।
बीएचयू के राजाराम मोहन राय छात्रावास के मेस में छात्र आदर्श कुमार और अमित कुमार के बीच हुई मारपीट के मामले में लंका पुलिस ने बुधवार को दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की है।
राजनीतिक विज्ञान चतुर्थ सेमेस्टर के छात्र अमित कुमार से गाली-गलौज और धमकी देने के मामले में बुधवार को पांच छात्रों के खिलाफ लंका थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। पीड़ित छात्र अमित कुमार ने बताया कि आरोपी आदर्श कुमार, जो इतिहास द्वितीय सेमेस्टर का छात्र है, ने निजी ग्रुप में धमकी देकर उसे राजाराम मोहन राय छात्रावास के कमरा संख्या 211 में बुलाया। वहां नहीं पहुंचने पर शाम 4:50 से 5 बजे के बीच फोन कर केंद्रीय ग्रंथालय के पास आने की धमकी दी गई।
देर शाम करीब 7:30 बजे जब अमित कुमार अपने छात्रावास के मेस में खाना खाने पहुंचे, तो आरोपियों ने गाली-गलौज की और मारपीट के इरादे से धक्का-मुक्की की। प्राप्त जानकारी के अनुसार छात्रावास के रूम नंबर-1 में बैठकर आदर्श कुमार, प्रभाकर पटेल, आकाश कश्यप, प्रेम और प्रत्युष कुमार ने उन्हें और उनके दोस्तों को सुनियोजित तरीके से फंसाने की योजना बनाई। इस संबंध में एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार ने बताया कि पांच नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।
घटना के बाद बीएचयू परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है। प्रॉक्टोरियल बोर्ड के साथ-साथ लंका पुलिस भी पूरी तरह सतर्क है और कैंपस में लगातार निगरानी की जा रही है। एहतियातन रुइया हॉस्टल के पास आरएएफ की एक टुकड़ी तैनात की गई है। वहीं, प्राप्त जानकारी के अनुसार राजाराम हॉस्टल के मेस में रहने वाले छात्र आदर्श कुमार के साथ प्रॉक्टोरियल बोर्ड द्वारा दुर्व्यवहार का आरोप लगाते हुए बुधवार को छात्रों ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने चीफ प्रॉक्टर कार्यालय के पास प्रदर्शन कर आरोप लगाया कि प्रॉक्टोरियल बोर्ड ने जानबूझकर आदर्श कुमार को कार्यालय में बैठाकर रखा।
प्रदर्शन की सूचना पर चीफ प्रॉक्टर प्रो. संदीप पोखरिया अन्य सदस्यों के साथ मौके पर पहुंचे और छात्रों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। उन्होंने बताया कि यूजीसी के नए नियमों को लेकर पहले भी रैलियां निकाली गई थीं, जबकि विश्वविद्यालय प्रशासन पहले ही परिसर में किसी भी प्रकार की रैली न निकालने के निर्देश दे चुका है।
